18वीं लोकसभा के पहले सत्र की शुरुआत हो चुकी है। तीन जुलाई तक चलने वाले सत्र के शुरुआती दो दिन नए सांसदों को शपथ दिलाई जा रही है। बुधवार को नए लोकसभा अध्यक्ष का चुनाव होगा, जबकि गुरुवार को राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू दोनों सदनों की संयुक्त बैठक को संबोधित करेंगी। सत्र की शुरुआत में सबसे पहले सदन में राष्ट्रगान हुआ, उसके बाद पिछले सदन के दिवंगत सदस्यों को श्रद्धांजलि दी गई। इसके बाद पीएम मोदी ने लोकसभा सदस्य की शपथ ली। मोदी के बाद अन्य सांसद शपथ ले रहे हैं। शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान का नाम जब शपथ के लिए बुलाया गया तो विपक्ष ने शेम-शेम बोलना शुरू कर दिया। विपक्ष NEET पेपर धांधली में उनके इस्तीफे की भी मांग कर चुका है।
देश चलाने के लिए सबकी सहमति जरूरी है-पीएम मोदी
पीएम मोदी ने जहां संसद की नई इमारत में शपथ समारोह का ज़िक्र कर खुशी जताई वहीं आपातकाल की तारीख पर बोलते हुए कांग्रेस पर निशाना साधा। पीएम मोदी ने कहा कि आज हमारे संसदीय लोकतंत्र के लिए खुशी का अवसर है।आज आजादी के बाद पहली बार हम इस नई संसद में शपथ ग्रहण समारोह मना रहे हैं। अभी तक ऐसा पुरानी संसद में होता था। पीएम ने कहा कि इस अवसर पर मैं सभी नए सांसदों का स्वागत करता हूं और उन्हें बधाई देता हूं। सत्र शुरू होने से पहले संसद पहुंचे PM मोदी ने कहा- देश चलाने के लिए सबकी सहमति जरूरी है। हम सबको साथ लेकर चलना चाहते हैं। संविधान की मर्यादाओं का पालन करते हुए देश को आगे बढ़ाना चाहते हैं। देश को एक जिम्मदार विपक्ष की जरूरत है।
विपक्ष ने संविधान की प्रति लेकर विरोध प्रदर्शन किया
INDIA गठबंधन के नेताओं ने संसद परिसर में संविधान की प्रति लेकर विरोध प्रदर्शन किया। TMC सांसद कल्याण बनर्जी ने कहा, “हम इसलिए विरोध कर रहे हैं क्योंकि संविधान के प्रावधानों का उल्लंघन किया गया है। नरेंद्र मोदी सरकार ने संविधान का उल्लंघन किया है। जिस तरह से प्रोटेम स्पीकर की नियुक्ति की गई है, वह संविधान के प्रावधानों का स्पष्ट उल्लंघन है…|।” विपक्ष का कहना है कि सरकार ने नियमों को दरकिनार कर भर्तुहरि महताब को प्रोटेम स्पीकर नियुक्त किया है। वे 7 बार के सांसद हैं, जबकि कांग्रेस के के. सुरेश 8 बार के सांसद हैं। नियमों के अनुसार, कांग्रेस सांसद को प्रोटेम स्पीकर बनाया जाना चाहिए था।
बता दें कि राष्ट्रपति 27 जून को संसद के दोनों सदनों की संयुक्त बैठक को संबोधित करेंगी. इसके बाद राष्ट्रपति के अभिभाषण पर धन्यवाद प्रस्ताव पर 28 जून को बहस शुरू होगी. वहीं, 2 या 3 जुलाई को प्रधानमंत्री बहस का जवाब देंगे. यह सत्र 24 जून से शुरू होकर 3 जुलाई तक चलने वाला है और इन 10 दिनों के दौरान कुल 8 बैठकें होने वाली हैं.
Author: Mukul Dwivedi
I graduated From the University of Allahabad and PG diploma in Mass communication From Government Polytechnic Lucknow. After study worked with Bharat samachar as Trainee Producer. Currently I am working With Ekal Bharat as a Producer.











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