लोकसभा और राज्यसभा से पारित हुए वक्फ संशोधन बिल(Waqf Bill ) को अब सुप्रीम कोर्ट में चुनौती दी गई है। वक्फ संशोधन बिल के खिलाफ शुक्रवार को सुप्रीम कोर्ट में दो याचिका लगाई गई। बिहार के किशनगंज से कांग्रेस सांसद मोहम्मद जावेद और AIMIM सांसद असदुद्दीन ओवैसी ने यह याचिका लगाई है। राज्यसभा से गुरुवार को बिल पास होने के बाद कांग्रेस सांसद जयराम रमेश ने कहा था कि कांग्रेस हम सुप्रीम कोर्ट जाएंगे। तमिलनाडु की DMK ने भी याचिका लगाने की बात कही थी। वहीं दूसरी तरफ वक्फ संशोधन विधेयक के खिलाफ देश में कई जगहों पर मुसलमानों ने विरोध जताया है। इसी बीच ऑल इंडिया मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड ने इस बिल के पास होने पर इसे जम्हूरियत के लिए काला अध्याय और कलंक बताया है।
यह बिल मुस्लिम समुदाय के मौलिक अधिकारों का उल्लंघन करता है-AIMIM
AIMIM प्रमुख ओवैसी ने भी इस बिल(Waqf Bill ) का विरोध करते हुए याचिका दायर की है। उन्होंने कहा है कि वक्फ (संशोधन) विधेयक के प्रावधान मुसलमानों और मुस्लिम समुदाय के मौलिक अधिकारों का खुल्लम-खुल्ला उल्लंघन करते हैं। वहीं कांग्रेस सांसद मोहम्मद जावेद ने वकील अनस तनवीर के माध्यम से याचिका दायर की है। याचिका में कहा गया है कि यह बिल मुस्लिम समुदाय के साथ भेदभाव करता है। इसमें उन पर ऐसी पाबंदियां लगाई गई हैं जो अन्य धार्मिक संस्थानों के प्रबंधन में नहीं हैं।
सरकार को इस बिल को वापस लेना ही होगा-AIMPLB
AIMIM और कांग्रेस के अलावा ऑल इंडिया मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड (AIMPLB) भी इस विधेयक(Waqf Bill ) को सुप्रीम कोर्ट में चुनौती देने का ऐलान कर चुका है। बोर्ड के सदस्य मोहम्मद अदीब कल यानी बुधवार को ऐलान किया था कि सरकार को इसे वापस लेना ही होगा। जब तक यह वापस नहीं लिया जाता हम चैन से बैठने वाले नहीं हैं। उन्होंने यह भी कहा कि हम इसके खिलाफ देशभर में आंदोलन करेंगे।
लोकसभा के बाद राज्यसभा में भी आसानी से पास हुआ बिल
राज्यसभा में यह बिल 128 सदस्यों के समर्थन से पास हुआ, जबकि 95 सदस्यों ने इसका विरोध किया। लोकसभा में यह बिल 3 अप्रैल को पास हुआ था, जिसमें 288 सदस्यों ने समर्थन और 232 ने विरोध किया था। बिल पर 2 और 3 अप्रैल को लोकसभा-राज्यसभा में 12-12 घंटे की चर्चा के बाद पास हुआ था। इसे अब राष्ट्रपति को भेजा जाएगा। उनकी सहमति के बाद यह कानून बन जाएगा। प्रधानमंत्री मोदी ने वक्फ संशोधन बिल(Waqf Bill ) के पास होने को एक बड़ा सुधार बताया। उन्होंने शुक्रवार सुबह X पर लिखा कि यह कानून ट्रांसपेरेंसी बढ़ाएगा और गरीब-पसमांदा मुस्लिमों के अधिकारों की रक्षा करेगा। उन्होंने कहा- वक्फ संपत्तियों में सालों से गड़बड़ी हो रही थी, जिससे खासतौर पर मुस्लिम महिलाओं और गरीबों को नुकसान हुआ। यह नया कानून इस समस्या को दूर करेगा।
दशकों से वक्फ व्यवस्था में पारदर्शिता और जवाबदेही की कमी नजर आ रही थी। इससे मुख्य रूप से हमारी मुस्लिम माताओं-बहनों, गरीब और पसमांदा मुसलमान भाई-बहनों के हितों को बहुत नुकसान हो रहा था। अब संसद द्वारा पारित विधेयक पारदर्शिता को बढ़ाने के साथ-साथ लोगों के अधिकारों की रक्षा में भी…
— Narendra Modi (@narendramodi) April 4, 2025
Author: Mukul Dwivedi
I graduated From the University of Allahabad and PG diploma in Mass communication From Government Polytechnic Lucknow. After study worked with Bharat samachar as Trainee Producer. Currently I am working With Ekal Bharat as a Producer.













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