विज्ञापन के लिए संपर्क करें

शकुन रानी के ‘दोहरे मतदान’ के दावे ने राहुल गांधी को घेरा, चुनाव आयोग ने भेजा नोटिस – मांगा पुख्ता सबूत

शकुन रानी के ‘दोहरे मतदान’ के दावे ने राहुल गांधी को घेरा

शकुन रानी के ‘दोहरे मतदान’ के दावे ने राहुल गांधी को घेरा, चुनाव आयोग ने भेजा नोटिस – मांगा पुख्ता सबूत

कर्नाटक की राजनीति एक बार फिर गरमा गई है। कांग्रेस नेता और लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने हाल ही में चुनाव आयोग पर गंभीर आरोप लगाए थे, जिसमें उन्होंने कर्नाटक की एक महिला मतदाता, शकुन रानी, के कथित “दोहरे मतदान” का मामला उठाया था। लेकिन अब यही आरोप राहुल गांधी के लिए मुश्किल का सबब बन गया है, क्योंकि मुख्य निर्वाचन आयुक्त (CEC) ने उन्हें नोटिस भेजकर 48 घंटे के भीतर सबूत पेश करने को कहा है।

मामला कैसे शुरू हुआ?

राहुल गांधी ने एक चुनावी सभा और सोशल मीडिया पोस्ट में दावा किया था कि कर्नाटक विधानसभा चुनाव के दौरान शकुन रानी नाम की एक महिला ने दो बार वोट डाला — एक बार बेंगलुरु में और दूसरी बार अपने गृह जिले में।
उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि चुनाव आयोग इस मामले में चुप्पी साधे बैठा है और “बीजेपी के एजेंट” की तरह काम कर रहा है। राहुल का कहना था कि यह लोकतंत्र के खिलाफ है और मतदाता सूची में गड़बड़ी का स्पष्ट उदाहरण है।

चुनाव आयोग
चुनाव आयोग

राहुल गांधी ने इस बयान के साथ चुनाव आयोग की कार्यप्रणाली पर सीधा सवाल खड़ा किया और पारदर्शिता की कमी का आरोप लगाया।

चुनाव आयोग की प्रतिक्रिया

राहुल गांधी के आरोपों के बाद, मुख्य निर्वाचन आयुक्त ने आधिकारिक रूप से नोटिस जारी किया है। आयोग ने कहा है:

“आपने सार्वजनिक मंच से और सोशल मीडिया पर कर्नाटक चुनावों में ‘दोहरे मतदान’ का गंभीर आरोप लगाया है। कृपया 48 घंटे के भीतर इस संबंध में सभी दस्तावेज, प्रमाण, गवाहों के बयान और अन्य तथ्य हमें उपलब्ध कराएं, ताकि जांच की जा सके।”

आयोग का कहना है कि बिना सबूत के ऐसे बयान मतदाता प्रणाली की साख पर सवाल खड़े करते हैं और यह आचार संहिता का उल्लंघन भी हो सकता है।

राजनीतिक असर

यह मामला केवल कानूनी या प्रशासनिक स्तर पर नहीं, बल्कि राजनीतिक रूप से भी बड़ा मुद्दा बन गया है।

  • बीजेपी का रुख: बीजेपी प्रवक्ताओं ने राहुल गांधी के आरोपों को “बे-बुनियाद और सस्ती राजनीति” बताया है। उनका कहना है कि कांग्रेस हार की हताशा में संस्थाओं को बदनाम कर रही है।

  • कांग्रेस का बचाव: कांग्रेस नेताओं का कहना है कि राहुल गांधी ने जो मुद्दा उठाया है, वह असली है और चुनाव आयोग को इस पर गंभीर जांच करनी चाहिए, ताकि मतदाताओं का भरोसा कायम रहे।

‘दोहरे मतदान’ का कानूनी पहलू

भारतीय जनप्रतिनिधित्व अधिनियम के तहत, एक ही व्यक्ति द्वारा एक से अधिक बार मतदान करना एक गंभीर आपराधिक अपराध है। इसके दोषी पाए जाने पर सजा, जुर्माना या दोनों हो सकते हैं।
यदि राहुल गांधी के दावे सही साबित होते हैं, तो यह चुनावी प्रक्रिया में बड़ी खामी का प्रमाण होगा। वहीं, अगर यह साबित नहीं हुआ, तो कांग्रेस नेता के खिलाफ भी झूठी जानकारी फैलाने का आरोप लग सकता है।

सोशल मीडिया पर बवाल

जैसे ही यह खबर आई कि चुनाव आयोग ने राहुल गांधी को नोटिस भेजा है, सोशल मीडिया पर इस मुद्दे ने तूफान मचा दिया।

ट्विटर (अब X) और फेसबुक पर समर्थकों और विरोधियों में जबरदस्त बहस छिड़ी हुई है। कुछ लोग राहुल गांधी को “साहसी” कह रहे हैं जो संस्थाओं के खिलाफ आवाज उठा रहे हैं, वहीं दूसरी ओर कुछ लोग उन्हें “बिना सबूत के बोलने वाला” बता रहे हैं।

आगे क्या?

अब सभी की निगाहें इस बात पर टिकी हैं कि राहुल गांधी 48 घंटे में क्या सबूत पेश करते हैं।

  • यदि उन्होंने पुख्ता सबूत दिए, तो चुनाव आयोग को इस मामले की जांच करनी होगी और दोषियों पर कार्रवाई करनी पड़ेगी।

  • यदि सबूत पर्याप्त नहीं हुए, तो यह राहुल गांधी के लिए एक बड़ा राजनीतिक झटका हो सकता है और बीजेपी के लिए प्रचार का हथियार बन सकता है।

राजनीतिक विश्लेषकों का कहना है कि यह मामला आने वाले समय में लोकसभा चुनाव के नैरेटिव को प्रभावित कर सकता है।



यह मामला केवल एक मतदाता के ‘दोहरे मतदान’ का आरोप नहीं है, बल्कि यह भारत में चुनावी प्रक्रिया की साख और पारदर्शिता पर भी सवाल है। राहुल गांधी के दावों की सच्चाई आने वाले दिनों में सामने आ जाएगी, लेकिन फिलहाल यह मुद्दा राजनीति की सुर्खियों में छाया हुआ है।


Sunita Williams ने धरती पर रखा कदम, जानिए उनके इस 9 महीने की अद्वितीय साहस की कहानीHathras का अय्याश प्रोफेसर! 30 से ज्यादा छात्राओं को अपने जाल में फंसायाजस्टिन ट्रूडो का इस्तीफा: नए राष्ट्रपति बने मार्क कार्नीक्या रोहित शर्मा का ये आख़िरी वनडे हैं ? सूत्रों के हवाले से ये बड़ी खबर आ रही हैं Mohammad Shami के एनर्जी ड्रिंक पर बवाल, मौलवी बोले- वो गुनाहगार…अपराधी

theguardian.com  thetimes.co.uk theaustralian.com.au

newsviewss
Author: newsviewss

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

टॉप हेडलाइंस