मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ आज अयोध्या के दौरे पर हैं। सीएम योगी(CM Yogi) राम मंदिर पहुंचे। जहां पर उन्होंने रामलला का दर्शन-पूजन किया। अयोध्या में राम दरबार की प्राण प्रतिष्ठा हुई। अभिजीत मुहूर्त में प्राण प्रतिष्ठा का कार्यक्रम हुआ। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ अयोध्या में श्री राम जन्मभूमि मंदिर में राम दरबार के प्राण प्रतिष्ठा अनुष्ठान में शामिल हुए। इसके बाद CM योगी आदित्यनाथ ने चौधरी चरण सिंह पुष्प वाटिका में पौधरोपण किया। उन्होंने राम कथा पार्क में आयोजित अयोध्या नगर निगम के वर्तमान बोर्ड के दो वर्ष पूर्ण होने के उपलक्ष्य में आयोजित कार्यक्रम को संबोधित किया। इस अवसर पर उन्होंने गंगा दशहरा, सरयू महोत्सव और विश्व पर्यावरण दिवस की शुभकामनाएं दीं, साथ ही अयोध्या के विकास और पर्यावरण संरक्षण के लिए नगर निगम द्वारा किये जा रहे प्रयासों की सराहना की।
500 सालों बाद राम नगरी का गौरव फिर से लौटा है- CM योगी
अयोध्या में राम दरबार की प्राण प्रतिष्ठा कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने कहा, “500 सालों बाद राम नगरी का गौरव फिर से लौटा है। यह युगांतरकारी क्षण है और भारत की सांस्कृतिक चेतना का पुनर्जागरण भी। मुख्यमंत्री ने पुराने दिनों को याद करते हुए कहा कि कभी अयोध्या आने वाले रामभक्तों पर गोलियां चला करती थीं, श्रद्धालुओं पर लाठी डंडे बरसाकर प्रताड़ित किया जाता था, मगर आज श्रद्धालुओं पर पुष्पवर्षा होती है और उन्हें आरओ का शुद्ध पानी पीने को मिलता है। अयोध्या आज पूरी दुनिया के सामने ‘अतिथि देवो भव:’ की नई परिभाषा गढ़ रही है। उन्होंने कहा,“अयोध्या आकर जो श्रद्धा की अनुभूति होती है, वह शब्दों से परे है। यह धाम न सिर्फ भारत की आस्था का केंद्र है बल्कि दुनिया को शांति का संदेश देने वाला तीर्थ है।
‘नई अयोध्या’ आज दुनिया को ‘अतिथि देवो भव:’ का परिचय करा रही है… pic.twitter.com/29lX9EXHNl
— Yogi Adityanath (@myogiadityanath) June 5, 2025
गंगा पूरी तरह से निर्मल और अविरल हो चुकी हैं-CM योगी
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि भगीरथ की तपस्या से मां गंगा धरती पर आईं और आज प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के प्रयासों से गंगा पूरी तरह से निर्मल और अविरल हो चुकी हैं। मुख्यमंत्री योगी ने कहा कि 2014 के पहले की सरकारों ने विकास का जो मॉडल तैयार किया था उससे विकास तो नहीं हुआ बल्कि गंगा मैली हो गई। नमामि गंगे के माध्यम से किए गए भगीरथ प्रयासों के कारण ही आज गंगा अविरल और निर्मल हो सकी है। यही कारण है कि प्रयागराज में आयोजित हुए महाकुंभ में देश-दुनिया के 66 करोड़ लोगों ने गंगा स्नान किया। उन्होंने इसे भारत की आध्यात्मिक शक्ति और सांस्कृतिक एकता का प्रमाण बताया। मुख्यमंत्री ने जनभावनाओं को जोड़ते हुए कहा कि हर व्यक्ति को अपनी मां के नाम पर एक पेड़ अवश्य लगाना चाहिए। यह सिर्फ पर्यावरण नहीं बल्कि संस्कृति और संवेदना का भी विषय है।
Author: Mukul Dwivedi
I graduated From the University of Allahabad and PG diploma in Mass communication From Government Polytechnic Lucknow. After study worked with Bharat samachar as Trainee Producer. Currently I am working With Ekal Bharat as a Producer.












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