प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी रविवार (12 जनवरी 2025) को भारत मंडपम में आयोजित विकसित भारत यंग लीडर्स डायलॉग 2025 कार्यक्रम में शामिल हुए। प्रधानमंत्री ने इस दौरान 30 लाख से अधिक प्रतिभागियों में से योग्यता के आधार पर बहुत स्तरीय चयन प्रक्रिया से चुने गए 300 युवा नेताओं से बातचीत की। प्रधानमंत्री ने महिला सशक्तीकरण, खेल, संस्कृति, स्टार्टअप, बुनियादी ढांचे आदि जैसे विषयों पर प्रेरक प्रस्तुतियाँ सुनीं। प्रधानमंत्री ने अपने संबोधन में कहा कि केवल बात करने से ही विकसित भारत नहीं बनेगा। हमारे पास 25 साल का स्वर्णिम समय है। इस अमृत काल में आत्मविश्वास से भरी युवा शक्ति ही विकसित भारत का सपना सरकार करेगी।
‘देश के नौजवानों के साथ मेरा परम मित्र वाला नाता’
विकसित भारत यंग लीडर्स डायलॉग 2025 कार्यक्रम में पीएम मोदी ने कहा कि देश के नौजवानों के साथ उनका परम मित्र वाला नाता है। पीएम मोदी ने विश्वास जताया कि देश की युवा शक्ति का सामर्थ्य ही भारत को जल्द से जल्द विकसित राष्ट्र बनाएगा। पीएम ने युवाओं को संबोधित करते हुए कहा कि स्वामी विवेकानंद को देश के नौजवानों पर बहुत भरोसा था। वह कहते थे कि मेरा विश्वास युवा पीढ़ी में है, नई पीढ़ी में है। स्वामी जी कहते थे कि मेरे कार्यकर्ता नौजवान पीढ़ी से आएंगे और वो हर समस्या का समाधान निकालेंगे। जैसे विवेकानंद जी का आप पर भरोसा था, मेरा विवेकानंद जी पर भरोसा है, मुझे उनकी कही हर बात पर भरोसा है। भारत की युवा शक्ति की ऊर्जा से आज ये भारत मंडपम भी ऊर्जा से भर गया है, ऊर्जावान हो गया है। आज पूरा देश स्वामी विवेकानंद जी को याद कर रहा है, उन्हें प्रमाण कर रहा है।
‘वो दिन भी दूर नहीं है जब पूरा भारत गरीबी से मुक्त होगा’
पीएम मोदी ने आगे कहा, “मैंने लाल किले से 1 लाख नए युवाओं को राजनीति में लाने की बात कही है। अपने सुझावों को लागू करने के लिए राजनीति भी बहुत शानदार माध्यम हो सकती है। मुझे विश्वास है आपमें से भी अनेकों नौजवान राजनीति में भी भागीदारी के लिए आगे आएंगे। विकसित भारत की इस यात्रा में हमें हर रोज नए लक्ष्य बनाने हैं, उसे प्राप्त करना है। वो दिन दूर नहीं जब भारत दुनिया की तीसरी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था का लक्ष्य हासिल करेगा। बीते 10 वर्षों में देश ने 25 करोड़ लोगों को गरीबी से बाहर निकाला, जिस रफ्तार से हम चल रहे हैं तो वो दिन भी दूर नहीं है जब पूरा भारत गरीबी से मुक्त होगा।”
इस दौरान पीएम ने कोरोना काल का जिक्र किया। उन्होंने कहा कि आपको कोरोना का समय याद होगा, दुनिया वैक्सीन के लिए परेशान थी, कहा जा रहा था कोरोना की वैक्सीन बनाने में सालों लग जाएंगे, लेकिन भारत के वैज्ञानिकों ने समय ये पहले वैक्सीन बनाकर दिखा दी। पीएम मोदी ने कहा कि 1930 के दशक में अमेरिका भीषण आर्थिक संकट में फंस गया था, तब अमेरिका की जनता ने ठाना कि हमें इससे बाहर निकलना है और तेज गति से आगे बढ़ना है. उन्होंने उसका रास्ता चुना और अमेरिका न सिर्फ उस संकट से निकला, बल्कि उसने विकास की रफ्तार को कई गुना तेज करके दिखाया. उन्होंने कहा कि दुनिया में ऐसे बहुत सारे देश हैं, घटनाएं हैं, समाज है, समूह हैं, हमारे देश में भी अनेक ऐसे उदाहरण रहे हैं।
Author: Mukul Dwivedi
I graduated From the University of Allahabad and PG diploma in Mass communication From Government Polytechnic Lucknow. After study worked with Bharat samachar as Trainee Producer. Currently I am working With Ekal Bharat as a Producer.













Users Today : 1
Views Today : 1